Breaking News
लोकसभा चुनाव 2024- मतदेय स्थलों पर पोलिंग पार्टियों की रवानगी का सिलसिला शुरु 
बाबर जैसे आक्रांताओं की स्तुति करना कांग्रेस के संस्कार- महाराज
बढ़ता डिजिटल सेवा निर्यात
पटेलनगर में नाबालिक बच्ची ने खुद रची अपने अपहरण की साजिश, यहां जानें क्या है पूरा मामला
असम के चुनावी दौरे से पीएम मोदी ने कुछ इस तरह किए रामलला के ‘सूर्य तिलक’ के दर्शन
आईपीएल 2024 के 32वें मैच में आज दिल्ली कैपिटल्स और गुजरात टाइटंस होगी आमने- सामने 
अफगानिस्तान में बाढ़ से मरने वालों की संख्या हुई 50
लोकसभा चुनाव 2024-  आज शाम पांच बजे से थम जाएगा चुनाव प्रचार का शोर 
फिल्म ‘कांगुवा’ का दमदार पोस्टर जारी, सूर्या के दोहरे किरदार की झलक देखकर फैंस हुए उत्साहित

पूर्व सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने हरिद्वार में आयोजित खिलाड़ी सम्मेलन में किया प्रतिभाग 

खेल एक ऐसी विधा है, जो शारीरिक और मानसिक दोनों तरह का विकास करता है- पूर्व सीएम 

पूर्व सीएम ने ‘ऐतिहासिक झंडा मेला’ की बधाई एवं शुभकामनाएं दी 

हरिद्वार। पूर्व मुख्यमंत्री व हरिद्वार प्रत्याशी त्रिवेंद्र सिंह रावत ने हरिद्वार स्थित होटल गार्डनिया सिडकुल में आयोजित खिलाड़ी सम्मेलन में प्रतिभाग किया। इस दौरान पूर्व सीएम ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए भारत माता की जय के साथ अपने संबोधन की शुरुआत की। संबोधन के शुरुआत में पूर्व सीएम का स्वागत किया गया, जिसके बाद पूर्व सीएम ने सभी खिलाड़ियों व पदाधिकारियों का कार्यक्रम में स्वागत किया। पूर्व सीएम ने कहा कि समय- समय पर इन गतिविधियों को बढ़ावा देना चाहिए, खेल को प्रोत्साहित करने से खिलाड़ियों में जोश व उत्साह की भावना पैदा होती है। और हमारा सदैव यहीं प्रयास रहता है, कि युवाओं में जरा सा भी जोश व उत्साह कम न हो। क्योंकि देश का भविष्य ही युवा से है।

पूर्व सीएम ने आगे कहा कि खेल को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कर कमलों से आगे ओर भी अच्छी पहल करने की दिशा में कदम बढ़ाये जा रहे है, साथ ही कहा कि बच्चों को खेल खेलने के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए। खेल एक ऐसी विधा है, जो हमारा शारीरिक और मानसिक दोनों तरह का विकास करता है। वहीं पूर्व सीएम ने मानवता व विश्वास से ओत-प्रोत देहरादून के ‘ऐतिहासिक झंडा मेला’ की सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी। और कहा कि झंडा मेला विशिष्ट परंपराओं को समेटे है, तथा यह श्रद्धाभाव का भी मेला है। श्री गुरू राम राय महाराज की सीख एवं संदेश आज कहीं अधिक प्रासंगिक है। 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top